राजस्थान में मानसून का नया ट्रेंड, कहीं बारिश तो कहीं राहत
जयपुर: प्रदेश में मानसून का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र कमजोर होकर उत्तर-पूर्वी राजस्थान के ऊपर साइक्लोनिक सर्कुलेशन में बदल गया है, जबकि मानसून ट्रफ बीकानेर, दिल्ली, लखनऊ और पटना से गुजर रही है। इन मौसमी बदलावों के चलते आने वाले दिनों में बारिश का वितरण असमान रहने की संभावना है।
चार से सात अगस्त तक बारिश के आसार
मौसम विभाग की रिपोर्ट के मुताबिक चार से सात अगस्त के बीच जयपुर, भरतपुर, अजमेर, कोटा और बीकानेर संभाग के कई जिलों में हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश दर्ज की जा सकती है। कुछ चुनिंदा स्थानों पर मेघगर्जन के साथ तेज बौछारें पड़ने की भी संभावना है, जबकि पश्चिमी जिलों में बारिश की गतिविधियां कम रहेंगी।
इन जिलों में रहेगा बारिश का ज्यादा असर
चार अगस्त को अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, करौली, सवाई माधोपुर, सीकर, टोंक और जयपुर में रुक-रुक कर बारिश और तेज हवाएं चलने के आसार हैं। इसके अलावा उदयपुर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़, चित्तौड़गढ़, राजसमंद, भीलवाड़ा, बूंदी और बारां में अच्छी बारिश होने की उम्मीद जताई गई है।
छह से आठ अगस्त के बीच बढ़ेगी बारिश
आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार छह से आठ अगस्त के दौरान उत्तर-पूर्वी और पूर्वी राजस्थान के हिस्सों में बारिश की गतिविधियां एक बार फिर से तेज हो सकती हैं। हालांकि इस अवधि के दौरान पश्चिमी राजस्थान के अधिकांश इलाकों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने और उमस बढ़ने की संभावना बनी हुई है।


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