कनाडा पुरुष क्रिकेट टीम के मुख्य कोच मोंटी देसाई ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्हें पिछले साल 1 मई को दूसरी बार टीम का मुख्य कोच नियुक्त किया गया था, लेकिन उनका यह कार्यकाल ज्यादा लंबा नहीं चला और उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से पद छोड़ने का ऐलान कर दिया है। मोंटी ने यह फैसला ऐसे समय में लिया है जब कनाडाई क्रिकेट टीम पर मैच फिक्सिंग से जुड़े गंभीर आरोप लगे हैं।

छोटा लेकिन अर्थपूर्ण रहा कार्यकाल

अपने विदाई संदेश में देसाई ने इस कार्यकाल को छोटा लेकिन काफी अर्थपूर्ण बताया। उन्होंने खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस अनुभव ने उनके इस विश्वास को और मजबूत किया है कि टिकाऊ प्रदर्शन हमेशा समय, भरोसे, तैयारी और आपसी तालमेल से बनता है। देसाई के पास कोचिंग का 20 साल से अधिक का अनुभव है और वह पहले भी 2019 में कनाडाई टीम को कोचिंग दे चुके हैं।

कनाडाई क्रिकेट पर मैच फिक्सिंग के आरोप

कनाडाई क्रिकेट में विवाद तब गहराया जब एक मीडिया डॉक्यूमेंट्री में संगठित अपराध के दखल और मैचों तथा टीम चयन को प्रभावित करने के आरोप सामने आए। इस पूरे मामले में लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम भी चर्चा में आया है। इसके अलावा, आईसीसी की एंटी-करप्शन यूनिट (ACU) ने 2026 पुरुष टी20 विश्व कप में कनाडा और न्यूजीलैंड के बीच हुए मुकाबले के दौरान एक ओवर में हुई संदिग्ध गतिविधियों को लेकर भी जांच शुरू की है।

विश्व कप लीग-2 और टीम का भविष्य

मोंटी देसाई के मार्गदर्शन में कनाडा ने आईसीसी पुरुष क्रिकेट विश्व कप लीग-2 की ट्राई-सीरीज में हिस्सा लिया था। टीम के विश्व कप अभियान में अभी चार मुकाबले बाकी हैं और वह प्ले-ऑफ में जगह बनाने की स्थिति में है। हालांकि, मुख्य कोच के अचानक इस्तीफे के बाद अब कनाडा क्रिकेट बोर्ड के सामने नए और अनुभवी कोचिंग नेतृत्व को तलाशने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है।